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भारत की नवरत्न कंपनियाँ
NAVRATNA COMPANIES OF INDIA

भारत की नवरत्न कंपनियाँ

वर्तमान नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यम एवं उनके स्थापना वर्ष

नवरत्न कंपनियाँ

नवरत्न का दर्जा भारत सरकार द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले चुनिंदा केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यमों को दिया जाता है।

नवरत्न कंपनियों को सामान्य केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यमों की तुलना में अधिक वित्तीय और परिचालन स्वायत्तता प्रदान की जाती है, जिससे वे निवेश, संयुक्त उद्यम तथा व्यापार विस्तार से संबंधित निर्णय अधिक स्वतंत्रता से ले सकती हैं।

नवरत्न योजना की शुरुआत वर्ष 1997 में की गई थी।

17 अगस्त 2026 तक भारत में 27 नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यम हैं।

01

वर्तमान नवरत्न कंपनियों की पूरी सूची

कुल 27 कंपनियाँ

01

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड

रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार उपकरण

1954
02

केंद्रीय भंडारण निगम

भंडारण, गोदाम एवं लॉजिस्टिक्स सेवाएँ

1957
03

कंटेनर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड

रेल आधारित कंटेनर परिवहन एवं लॉजिस्टिक्स

1988
04

इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड

इंजीनियरिंग परामर्श एवं परियोजना प्रबंधन

1965
05

हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड

आवास एवं शहरी आधारभूत संरचना वित्त

1970
06

इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन लिमिटेड

रेल टिकट, खानपान एवं पर्यटन सेवाएँ

1999
07

इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन लिमिटेड

भारतीय रेलवे की वित्तीय संस्था

1986
08

भारतीय अक्षय ऊर्जा विकास एजेंसी लिमिटेड

नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं का वित्तपोषण

1987
09

इरकॉन इंटरनेशनल लिमिटेड

रेलवे एवं आधारभूत संरचना निर्माण

1976
10

महानगर टेलीफोन निगम लिमिटेड

दूरसंचार सेवाएँ

1986
11

मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड

युद्धपोत एवं पनडुब्बी निर्माण

1934
12

नेशनल एल्युमिनियम कंपनी लिमिटेड

बॉक्साइट, एल्युमिना एवं एल्युमिनियम उत्पादन

1981
13

नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड

उर्वरक उत्पादन

1974
14

एनबीसीसी (इंडिया) लिमिटेड

निर्माण एवं परियोजना प्रबंधन

1960
15

एनएचपीसी लिमिटेड

जलविद्युत एवं नवीकरणीय ऊर्जा

1975
16

एनएलसी इंडिया लिमिटेड

लिग्नाइट खनन एवं विद्युत उत्पादन

1956
17

एनएमडीसी लिमिटेड

खनन एवं लौह अयस्क उत्पादन

1958
18

ओएनजीसी विदेश लिमिटेड

विदेशों में तेल एवं प्राकृतिक गैस अन्वेषण

1965
19

रेल विकास निगम लिमिटेड

रेलवे आधारभूत संरचना परियोजनाएँ

2003
20

रेलटेल कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड

दूरसंचार एवं डिजिटल नेटवर्क

2000
21

राष्ट्रीय केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स लिमिटेड

उर्वरक एवं औद्योगिक रसायन

1978
22

राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड

इस्पात उत्पादन — विशाखापत्तनम इस्पात संयंत्र

1982
23

राइट्स लिमिटेड

परिवहन एवं आधारभूत संरचना परामर्श

1974
24

शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड

समुद्री नौवहन एवं जहाज परिवहन

1961
25

एसजेवीएन लिमिटेड

जलविद्युत एवं नवीकरणीय ऊर्जा

1988
26

सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड

सौर एवं नवीकरणीय ऊर्जा विकास

2011
27

गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड

युद्धपोत एवं समुद्री जहाज निर्माण

1884*

🎯 सबसे नया नवरत्न

गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड को जून 2026 में नवरत्न दर्जा प्रदान किया गया।

इसके साथ नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यमों की संख्या 26 से बढ़कर 27 हो गई।

⚠️ गार्डन रीच के स्थापना वर्ष को समझें

गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स की ऐतिहासिक जड़ें 1884 तक जाती हैं।

कंपनी का कॉर्पोरेट विकास बाद के वर्षों में हुआ, इसलिए अलग स्रोतों में स्थापना अथवा निगमन वर्ष अलग संदर्भ में दिखाई दे सकता है।

02

स्थापना वर्ष के क्रम में

पुरानी से नई नवरत्न कंपनी

कंपनी स्थापना वर्ष
गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स 1884 — ऐतिहासिक शुरुआत
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स 1934
भारत इलेक्ट्रॉनिक्स 1954
एनएलसी इंडिया 1956
केंद्रीय भंडारण निगम 1957
एनएमडीसी 1958
एनबीसीसी 1960
शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया 1961
इंजीनियर्स इंडिया 1965
ओएनजीसी विदेश 1965
हुडको 1970
नेशनल फर्टिलाइजर्स 1974
राइट्स 1974
एनएचपीसी 1975
इरकॉन 1976
राष्ट्रीय केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स 1978
नालको 1981
राष्ट्रीय इस्पात निगम 1982
एमटीएनएल 1986
इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन 1986
भारतीय अक्षय ऊर्जा विकास एजेंसी 1987
कंटेनर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया 1988
एसजेवीएन 1988
आईआरसीटीसी 1999
रेलटेल 2000
रेल विकास निगम 2003
सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया 2011
03

रेलवे क्षेत्र की नवरत्न कंपनियाँ

रेल परिवहन से जुड़ी प्रमुख कंपनियाँ

इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन — रेल टिकट, खानपान और पर्यटन सेवाओं से संबंधित है।

इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन — भारतीय रेलवे की प्रमुख वित्तीय संस्था है।

इरकॉन इंटरनेशनल — रेलवे और आधारभूत संरचना निर्माण परियोजनाओं से संबंधित है।

रेल विकास निगम — रेलवे परियोजनाओं और क्षमता विस्तार के लिए कार्य करती है।

रेलटेल कॉरपोरेशन — रेल नेटवर्क पर आधारित दूरसंचार और डिजिटल सेवाओं की प्रमुख कंपनी है।

राइट्स — रेल एवं परिवहन आधारभूत संरचना परामर्श से संबंधित है।

कंटेनर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया — रेल आधारित कंटेनर माल परिवहन और लॉजिस्टिक्स से जुड़ी है।

04

ऊर्जा क्षेत्र की नवरत्न कंपनियाँ

विद्युत और नवीकरणीय ऊर्जा

एनएचपीसी और एसजेवीएन मुख्यतः जलविद्युत तथा अन्य नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं से संबंधित हैं।

एनएलसी इंडिया लिग्नाइट खनन और विद्युत उत्पादन की महत्वपूर्ण कंपनी है।

भारतीय अक्षय ऊर्जा विकास एजेंसी नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को वित्तीय सहायता उपलब्ध कराती है।

सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया भारत में सौर तथा अन्य नवीकरणीय ऊर्जा कार्यक्रमों से संबंधित प्रमुख कंपनी है।

05

रक्षा क्षेत्र की नवरत्न कंपनियाँ

इलेक्ट्रॉनिक्स और युद्धपोत निर्माण

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड भारत की प्रमुख रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स सार्वजनिक क्षेत्र कंपनी है।

मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड भारतीय नौसेना के युद्धपोत और पनडुब्बियाँ बनाने वाली प्रमुख कंपनी है।

गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड भारतीय नौसेना और भारतीय तटरक्षक बल के लिए युद्धपोत एवं अन्य समुद्री प्लेटफॉर्म बनाती है।

06

खनन, धातु एवं इस्पात क्षेत्र

महत्वपूर्ण औद्योगिक नवरत्न

एनएमडीसी भारत की प्रमुख लौह अयस्क उत्पादक कंपनी है।

नेशनल एल्युमिनियम कंपनी बॉक्साइट से लेकर एल्युमिनियम उत्पादन तक एकीकृत गतिविधियों से जुड़ी है।

राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड विशाखापत्तनम इस्पात संयंत्र से संबंधित सार्वजनिक क्षेत्र कंपनी है।

07

नवरत्न दर्जे का महत्व

अधिक स्वायत्तता

नवरत्न का दर्जा किसी कंपनी को केवल सम्मान देने के लिए नहीं, बल्कि उसकी निर्णय लेने की क्षमता और व्यावसायिक स्वायत्तता बढ़ाने के लिए दिया जाता है।

नवरत्न कंपनियों के निदेशक मंडल को निर्धारित सीमाओं के अंतर्गत नई परियोजनाओं में निवेश, संयुक्त उद्यम स्थापित करने, सहायक कंपनियाँ बनाने और कुछ वित्तीय निर्णय लेने की अधिक स्वतंत्रता मिलती है।

नवरत्न योजना की शुरुआत 1997 में हुई थी।

08

परीक्षा में होने वाले प्रमुख भ्रम

एक बार में सही याद करें

भारत में केवल 14 नवरत्न कंपनियाँ हैं — यह पुराना तथ्य है।

17 अगस्त 2026 तक वर्तमान सूची में 27 नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यम हैं।

हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड नवरत्न है — गलत। यह अब महारत्न है, इसलिए इस सूची में शामिल नहीं है।

ऑयल इंडिया नवरत्न है — गलत। यह भी महारत्न है।

आरईसी नवरत्न है — गलत। यह महारत्न है।

पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन नवरत्न है — गलत। यह भी महारत्न है।

कंटेनर कॉरपोरेशन का संक्षिप्त नाम CCIL — गलत। इसका प्रचलित संक्षिप्त नाम CONCOR है।

सबसे नया नवरत्न — GRSE, जिसे जून 2026 में नवरत्न दर्जा दिया गया।

09

अत्यंत महत्वपूर्ण तथ्य

त्वरित परीक्षा पुनरावृत्ति

प्रश्न उत्तर
नवरत्न योजना की शुरुआत 1997
17 अगस्त 2026 तक नवरत्न कंपनियाँ 27
सबसे नया नवरत्न गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स
GRSE को नवरत्न दर्जा जून 2026
BEL की स्थापना 1954
केंद्रीय भंडारण निगम 1957
एनएलसी इंडिया 1956
एनएमडीसी 1958
एनबीसीसी 1960
शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया 1961
इंजीनियर्स इंडिया 1965
हुडको 1970
नेशनल फर्टिलाइजर्स 1974
राइट्स 1974
एनएचपीसी 1975
इरकॉन 1976
नालको 1981
राष्ट्रीय इस्पात निगम 1982
एमटीएनएल 1986
आईआरएफसी 1986
इरेडा 1987
कॉनकॉर 1988
एसजेवीएन 1988
आईआरसीटीसी 1999
रेलटेल 2000
रेल विकास निगम 2003
सोलर एनर्जी कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया 2011

⚡ अंतिम त्वरित पुनरावृत्ति

नवरत्न योजना — 1997

17 अगस्त 2026 तक — 27 नवरत्न कंपनियाँ

सबसे नया नवरत्न — गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स — जून 2026

BEL — 1954

NLC India — 1956

केंद्रीय भंडारण निगम — 1957

NMDC — 1958

NBCC — 1960

Shipping Corporation of India — 1961

Engineers India — 1965

ONGC Videsh — 1965

HUDCO — 1970

National Fertilizers — 1974

RITES — 1974

NHPC — 1975

IRCON — 1976

RCF — 1978

NALCO — 1981

RINL — 1982

MTNL + IRFC — 1986

IREDA — 1987

CONCOR + SJVN — 1988

IRCTC — 1999

RailTel — 2000

RVNL — 2003

SECI — 2011

सबसे जरूरी सावधानी — HAL, Oil India, REC और PFC को नवरत्न सूची में न रखें; ये महारत्न कंपनियाँ हैं।

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